राजनीतिराजस्थानराज्यलोकल न्यूज़

व्यवस्थापकों का आंदोलन, पदोन्नति के लिए लगातार कर रहे मांग: सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए निकाली रैली, CM आवास घेरेंगे

भीलवाड़ा में ग्राम सेवा सहकारी समिति व्यवस्थापकों ने एक बार फिर ‘पदोन्नति नहीं तो काम नहीं’ आंदोलन शुरू कर दिया है। संघ का आरोप है कि उनकी पदोन्नति और 11 सूत्रीय मांगों को लगातार नजरअंदाज किया जा रहा है। इसी के विरोध में बड़ी संख्या में अधिकारी सड़कों पर उतरे, कलेक्ट्रेट तक रैली निकाली और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। साथ ही चेतावनी दी कि मांगें नहीं मानी गईं तो 8 अप्रैल को मुख्यमंत्री आवास का घेराव किया जाएगा।

प्रदेश स्तर पर आंदोलन फिर शुरू करने का फैसला

राजस्थान ग्राम ग्राम सेवा सहकारी समिति संघ की प्रदेश कार्यकारिणी ने पदोन्नति और अन्य मांगों की अनदेखी से नाराज होकर आंदोलन को दोबारा शुरू करने का निर्णय लिया है। इसी के तहत सोमवार को भीलवाड़ा में प्रदर्शन किया गया।

मुखर्जी पार्क से कलेक्ट्रेट तक निकाली रैली

आंदोलन के तहत जिलेभर के ग्राम सेवा सहकारी समिति व्यवस्थापक मुखर्जी पार्क में एकत्रित हुए। यहां से रैली निकालते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचे और कलेक्टर व जिला परिषद के सीईओ को ज्ञापन सौंपा। इस दौरान अधिकारियों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

कार्य विभाजन को लेकर उठाए सवाल

पंचायतीराज मंत्रालयिक कर्मचारी संगठन के जिलाध्यक्ष शोभालाल तेली ने कहा कि विभाग में ग्राम सेवा सहकारी समिति व्यवस्थापकों और मंत्रालयिक कर्मचारियों के बीच कार्य विभाजन और जिम्मेदारियां स्पष्ट नहीं हैं।

उन्होंने बताया कि 20 मार्च को हुई विशेष ग्राम सभाओं का बहिष्कार किया गया था, जिसके बाद उनके कार्य कनिष्ठ सहायकों पर डाल दिए गए, जो उचित नहीं है।

कैडर रिव्यू नहीं होने से नाराजगी

 

जिला संगठन मंत्री कन्हैयालाल कुमावत ने कहा – मंत्रालयिक कर्मचारियों का कैडर रिव्यू नहीं किया जा रहा है और न ही ग्राम पंचायत स्तर पर जिम्मेदारियों का सही निर्धारण हो रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री विकसित ग्राम अभियान में कनिष्ठ सहायकों की भूमिका स्पष्ट नहीं की गई है।

सरकार को दी अंतिम चेतावनी

संघ ने साफ कहा कि अगर सरकार ने जल्द मांगों पर ध्यान नहीं दिया, तो आंदोलन और तेज किया जाएगा। इसके तहत 8 अप्रैल को मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने की चेतावनी दी गई है।

बड़ी संख्या में अधिकारी रहे मौजूद

प्रदर्शन के दौरान जिलेभर से आए बड़ी संख्या में ग्राम विकास अधिकारी मौजूद रहे और अपनी मांगों को लेकर एकजुटता दिखाई। इस आंदोलन से आने वाले दिनों में प्रशासन और सरकार एवं तत्बान बनने की संभावना है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
Click to listen highlighted text!
error: Content is protected !!